राजकीय कन्या महाविद्यालय शिमला में मनाया गया सावन एवं मानसून उत्सव

राजकीय कन्या महाविद्यालय शिमला में मनाया गया सावन एवं मानसून उत्सव

राजकीय कन्या महाविद्यालय, शिमला में महाविद्यालय के *महिला प्रकोष्ठ (Women Cell)* द्वारा आज “सावन एवं मानसून उत्सव” का आयोजन हर्षोल्लास के साथ किया गया। महिला प्रकोष्ठ की संयोजक डॉ. संध्या शर्मा ने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य छात्राओं को भारतीय संस्कृति, सभ्यता,लोक परंपराओं एवं सावन की प्राकृतिक छटा से जोड़ना है ।
इस अवसर पर महाविद्यालय प्राचार्या डॉ. अनुरिता सक्सेना ने सावन मास के धार्मिक एवं प्राकृतिक महत्व पर प्रकाश डाला, उन्होंने कहा कि सावन भगवान शिव का प्रिय महीना है, जो शिव पार्वती के मिलन का प्रतीक है साथ ही ये महीना प्रकृति के नव श्रृंगार का भी प्रतीक है। उन्होंने कहा कि ये पर्व हमें प्रकृति से जुड़ने और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हैं। सावन में शिवलिंग पर जलाभिषेक और बेलपत्र अर्पण के साथ-साथ एक पौधा भी हमें अवश्य लगाना चाहिए यही प्रकृति की सच्ची पूजा है।
उन्होंने कहा कि इस मौसम में जलजनित रोगों के कारण स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी हो जाती हैं जिससे बचने हेतु हमें अपने आसपास सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए।
इस आयोजन में नृत्य विभाग की छात्राओं द्वारा शिव स्तुति,गरबा व घूमर नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियां पेश की गई और मेहंदी प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया। जिसमें प्रथम बीसीए की प्रीति,बी.वाक की पारुल द्वितीय स्थान पर, बीए सेकंड ईयर से स्वाति तृतीय स्थान पर, बीए थर्ड ईयर की वर्षा चौथे स्थान पर और एमए फर्स्ट ईयर की रीना पांचवें स्थान पर रही।
इस कार्यक्रम में महिला प्रकोष्ठ के सभी सदस्य व महाविद्यालय परिवार के सभी सदस्य तथा बड़ी संख्या में छात्राओं ने भाग लिया।



