विविध

स्थानीय उत्पाद और परंपराओं को भावी पीढ़ियों तक पहुंचाने की होगी कोशिश

स्थानीय उत्पादों और परंपराओं को भावी पीढ़ियों तक पहुंचाने का भी आग्रह

No Slide Found In Slider.

 

राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने आज किन्नौर जिले के सीमावर्ती गांव छितकुल का दौरा किया और गांववासियों के साथ संवाद भी किया।

No Slide Found In Slider.

इससे पहले छितकुल पहुंचने पर स्थानीय लोगों ने राज्यपाल का गर्मजोशी के साथ स्वागत किया। राज्यपाल ने स्थानीय मंदिर में पूजा-अर्चना एवं परिक्रमा की। गांव की संस्कृति और परंपराओं की जानकारी प्राप्त करने के लिए राज्यपाल स्थानीय निवासी मुकेश नेगी के घर गए। उन्होंने पारंपरिक तंदूर, रहन-सहन, खान-पान और रीति-रिवाजों के संबंध में करीब से जानकारी हासिल की। इस दौरान उन्होंने स्थानीय व्यंजनों का स्वाद भी लिया।

No Slide Found In Slider.

इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि छितकुल की परंपराएं और रीति-रिवाज बहुत समृद्ध हैं, जिन्हें हर हाल में संरक्षित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह उनका सौभाग्य है कि उन्हें यहां आने और पहाड़ों में रहने वाले लोगों की मुश्किलों को करीब से समझने का मौका मिला है। उन्होंने लोगों से स्थानीय उत्पादों और परंपराओं को भावी पीढ़ियों तक पहुंचाने का भी आग्रह किया।

इस अवसर पर छितकुल गांव के प्रधान सुभाष, उप-प्रधान राजेश कुमार और अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित थे।

Deepika Sharma

Related Articles

Back to top button
Close