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शिमला में राज्यस्तरीय STEM हैकाथॉन: स्कूली बच्चों के नवाचार और तकनीकी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन

नवाचार प्रोजेक्ट्स को कमर्शियल स्तर तक ले जाने के लिए होंगे ठोस प्रयास: सुशील कुमार सिंगला

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*विज्ञान व तकनीकी शिक्षा आज की सबसे बड़ी जरूरत: राजेश शर्मा*

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*शिमला*
समग्र शिक्षा ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल पोटमोर शिमला में राज्य स्तरीय स्टेम हैकाथॉन (STEM State Hackathon -2026) का आयोजन किया गया। इसमें पर्यावरण, विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के सचिव सुशील कुमार सिंगला मुख्य अतिथि तथा समग्र शिक्षा के निदेशक राजेश शर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। स्कूली शिक्षा निदेशक आशीष कोहली भी इस अवसर पर विशेष रूप से मौजूद रहे। इस दौरान समग्र शिक्षा एवं शिक्षा विभाग के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।
हैकाथॉन में हिमाचल प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपनी तकनीकी, रचनात्मक और नवाचारी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
मुख्य अतिथि सुशील कुमार सिंगला ने विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि उनके द्वारा तैयार किए गए मॉडल न केवल नवाचारी हैं, बल्कि व्यवहारिक भी हैं। उन्होंने कहा कि अधिकांश प्रोजेक्ट आज की प्रमुख चुनौतियों—जैसे पर्यावरण संरक्षण और स्मार्ट फार्मिंग—से जुड़े हैं, जो भविष्य में उपयोगी साबित होंगे। उन्होंने आश्वासन दिया कि इन प्रोजेक्ट्स को कमर्शियल स्तर तक ले जाने के लिए विभागीय स्तर पर प्रयास किए जाएंगे और इस दिशा में अधिकारियों के साथ बैठक की जाएगी।

*आज के दौर में विज्ञान व प्रौद्योगिकी शिक्षा को बढ़ावा देना जरूरी: राजेश शर्मा*
समग्र शिक्षा निदेशक राजेश शर्मा ने कहा कि वर्तमान समय में विज्ञान और प्रौद्योगिकी शिक्षा को बढ़ावा देना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि प्रदेश में विद्यार्थियों का विज्ञान विषयों की ओर अपेक्षाकृत कम रुझान एक चुनौती है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 का उल्लेख करते हुए कहा कि इसमें क्रिटिकल थिंकिंग, समस्या समाधान और नवाचार पर विशेष बल दिया गया है, जिसे ध्यान में रखते हुए हिमाचल में STEM प्रोजेक्ट लागू किया गया है। इसके तहत समग्र शिक्षा द्वारा STEMpedia के साथ साझेदारी कर लगभग 700 विद्यालयों में विद्यार्थियों की विज्ञान एवं गणित दक्षता का आकलन किया गया तथा चयनित विद्यार्थियों को वर्चुअल लैब, कोडिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोटिक्स का प्रशिक्षण प्रदान किया गया। उन्होंने इस प्रोजेक्ट के सफल क्रियान्वयन के लिए समग्र शिक्षा की टीम और STEMpedia की सराहना की।
इस दौरान STEMpedia के पंकज कुमार ने भी इस परियोजना के अंतर्गत किए गए कार्यों की जानकारी दी और बताया कि जिला स्तर पर आयोजित प्रतियोगिताओं के विजेताओं को राज्य स्तरीय हैकाथॉन में भाग लेने का अवसर मिला।

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*STEM हैकाथॉन में 36 टीमों ने पेश किए नवाचारी मॉडल*
राज्य के सभी 12 जिलों से कुल 36 टीमों के 110 विद्यार्थियों ने स्टेम हैकाथॉन में भाग लिया। विद्यार्थियों ने कोडिंग के माध्यम से कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence) पर आधारित अत्याधुनिक प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए, जिनमें कृषि, आपदा प्रबंधन, स्वास्थ्य सेवाएं और सतत विकास जैसे क्षेत्रों की वास्तविक समस्याओं के तकनीकी समाधान शामिल थे।

कार्यक्रम में program Cordinator Sonia Sharma भी मौजूद थीउन्होंने कहा कि
विद्यार्थियों ने स्मार्ट सॉल्यूशंस, रोबोटिक्स मॉडल और कोडिंग आधारित एप्लीकेशन के माध्यम से अपनी रचनात्मक सोच को प्रभावी रूप से प्रस्तुत किया।

*विद्यार्थियों ने विभिन्न क्षेत्रों में अत्याधुनिक और उपयोगी नवाचार प्रस्तुत किए*
विद्यार्थियों ने विभिन्न क्षेत्रों में अत्याधुनिक और उपयोगी नवाचार प्रस्तुत किए। स्मार्ट एग्रीकल्चर एवं पर्यावरण समाधान के तहत स्मार्ट फार्मिंग, स्मार्ट इरिगेशन, काउ डंग से बिजली उत्पादन और जल स्रोतों की सफाई से जुड़े मॉडल प्रदर्शित किए गए। आपदा प्रबंधन में क्लाउड बर्स्ट प्रिडिक्शन, एआई आधारित डिटेक्शन, स्मार्ट डैम सेफ्टी तथा लैंडस्लाइड और फ्लड डिटेक्शन सिस्टम जैसे मॉडल शामिल रहे।
स्मार्ट सिटी और इंफ्रास्ट्रक्चर के अंतर्गत स्मार्ट ट्रैफिक सिस्टम, ऊर्जा दक्ष ढांचे, स्मार्ट टॉयलेट और डस्टबिन जैसे प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए गए। वहीं ट्रांसपोर्ट और रोड सेफ्टी में स्मार्ट हेलमेट, एंटी-स्लिप कंट्रोलर, फॉग डिटेक्शन और इलेक्ट्रिक साइकिल जैसे नवाचार सामने आए। हेल्थ और सामाजिक उपयोग के क्षेत्र में दृष्टिबाधितों के लिए स्मार्ट गॉगल्स, स्मार्ट स्टिकजबकि ऑटोमेशन और रोबोटिक्स के अंतर्गत ऑटोमैटिक ग्रास कटर, स्मार्ट बिन और रोबोटिक्स मॉडल प्रस्तुत प्रस्तुत किए गए। इसके अलावा स्मार्ट स्ट्रेचर तथा मल्टी-फंक्शन स्प्रे सिस्टम जैसे मॉडल भी प्रदर्शित किए गए। यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए एक प्रेरणादायक मंच साबित हुआ, जहां उनकी समस्या-समाधान क्षमता और तकनीकी समझ का उत्कृष्ट प्रदर्शन देखने को मिला।

*तीन स्कूल बेंगलुरु में राष्ट्रीय STEM हैकाथॉन में करेंगे नवाचार का प्रदर्शन*
हैकाथॉन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। प्रतियोगिता में पाँच टीमों को विजेता घोषित किया गया, जिनमें प्रथम स्थान स्मार्ट फार्मिंग (PM SHRI GSSS रिकांगपिओ, किन्नौर), द्वितीय स्थान स्मार्ट पोर्टेबल स्ट्रेचर (GSSS लालपानी, शिमला) और तृतीय स्थान ऑटोमैटिक डैम गेट्स एवं मॉनिटरिंग सिस्टम (GSSS बॉयज, मंडी) ने प्राप्त किया।
इनके अलावा चतुर्थ स्थान लैंडस्लाइड डिटेक्शन सिस्टम (GSSS परौर, कांगड़ा) तथा पांचवा स्थान वाणी लेक्सा (PM SHRI GSSS सरकाघाट, मंडी) को मिला। शीर्ष तीन टीमें 11 और 12 अप्रैल 2026 को बेंगलुरु में आयोजित राष्ट्रीय STEM हैकाथॉन में हिमाचल प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेंगी। मुख्य अतिथि द्वारा विजेता विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर पोटमोर स्कूल की छात्राओं ने मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दीं।

Deepika Sharma

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