91,000 विद्यार्थियों को उद्यमशीलता की ओर ले जा रही EMC परियोजना

तेजी से बदलती अर्थव्यवस्था और करियर की बदलती आवश्यकताओं केदौर में, समग्र शिक्षा के अंतर्गत शिक्षा विभाग, हिमाचल प्रदेश सरकारद्वारा शुरू की गई
एंटरप्रेन्योरशिप माइंडसेट क्लासेज़ (EMC) परियोजना विद्यार्थियों को पारंपरिक करियर विकल्पों से आगे सोचने केलिए तैयार कर रही है। नेशनल एजुकेशन पॉलिसी (NEP) 2020 कीपरिकल्पना के अनुरूप यह पहल विद्यार्थियों में उद्यमशील सोच, अनुकूलनक्षमता और समस्या–समाधान कौशल विकसित करने पर केंद्रित है, जोबदलती दुनिया के लिए आवश्यक हैं।
इस परियोजना के अंतर्गत कांगड़ा, ऊना, हमीरपुर, बिलासपुर, शिमला, सोलन, कुल्लू और मंडी जिलों के 659 सरकारी स्कूलों में कक्षा 9 से 12 तक के लगभग 91,000 विद्यार्थियों के लिए स्टूडेंट ओरिएंटेशन सेशंसआयोजित किए जा रहे हैं। इन सेशंस के माध्यम से विद्यार्थियों को आजकी बदलती अर्थव्यवस्था में एंटरप्रेन्योरशिप के महत्व से परिचित करायाजा रहा है। विद्यार्थियों को यह समझाया जा रहा है कि शैक्षिक शिक्षा केसाथ–साथ इननोवेशन, और वैल्यू क्रिएशन भी समान रूप से महत्वपूर्णहैं। उन्हें एंटरप्रेन्योरशिप को केवल बिज़नेस शुरू करने तक सीमित नमानकर एक ऐसी माइंडसेट के रूप में देखने के लिए प्रेरित किया जा रहाहै, जो जीवन और करियर के हर क्षेत्र में उपयोगी है।
EMC डोमेन एक्सपर्ट ट्रेनर्स द्वारा स्कूल प्रशासन के सहयोग से संचालितये सेशंस इंटरएक्टिव चर्चाओं और वास्तविक जीवन के उदाहरणों केमाध्यम से विद्यार्थियों को यह समझाने में मदद कर रहे हैं कि EMC जैसीपरियोजनाएँ उन्हें जॉब सीकर से संभावित जॉब क्रिएटर बनने की दिशामें कैसे सशक्त बना सकती हैं। विद्यार्थियों को आने वाली कक्षागतिविधियों और EMC लर्निंग मैनेजमेंट सिस्टम (LMS) के माध्यम सेमिलने वाले डिजिटल लर्निंग की जानकारी भी दी जा रही है। इनओरिएंटेशन सेशंस के माध्यम से EMC परियोजना हिमाचल प्रदेश मेंआत्मविश्वासी और भविष्य के लिए तैयार युवा तैयार करने की मजबूतनींव रख रही है।



