संस्कृति

कार्तिक सक्रांति ..

No Slide Found In Slider.

कार्तिक सक्रांति हिन्दुओ के प्रमुख त्यौहार में से एक है l सूर्यजब तुला राशि में प्रवेश करता है तो कार्तिक सक्रांति पर्व को मनायाजाता है l कार्तिक सक्रांति इस वर्ष 17 अक्टूबर 2025 को शुक्रवार कोमनाई जाएगी l कार्तिक सक्रांति की महिमा बताते हुए राधा कृष्ण मंदिरके पंडित उमेश चंद नौटियाल ने बताया की कार्तिक सक्रांति के दिन जप,तप, दान, स्नान, श्रद्धा तर्पण अदि धार्मिक कार्य किए जाते है l ऐसीमान्यता है की इस अवसर पर दिया गया दान सौ गुना बढकर फिर सेमिलता है l इस दिन शुद्ध घी व कम्बल का दान मोक्ष की प्राप्ति करवाताहै l

WhatsApp Image 2026-05-07 at 3.50.10 PM
WhatsApp Image 2026-05-07 at 3.50.21 PM
WhatsApp Image 2026-05-14 at 5.38.45 PM

कार्तिक सक्रांति के दिन गंगा, युमना जैसी पवित्र नदियों परमेलों का आयोजन होता है l इस दिन गंगा स्नान करके तिल के मिष्ठानआदी को ब्राह्मण और अन्य लोगो को दान दिया जाता है l इस व्रत केदिन खिचड़ी बनाई जाती है l खिचड़ी गरीबो में बाँटने का भी अथिकमहत्व है l उन्होंने बताया की कार्तिक सक्रांति के दिन उडद, चावल, तिल, गाय, स्वर्ण, ऊनी वस्त्र, कम्बल आदि दान करना का भी महत्व है l इसदिन एक दूसरा को तिल और गुड़ भी दिया जाता है l

WhatsApp Image 2026-05-18 at 5.53.59 PM
WhatsApp Image 2026-05-18 at 5.53.59 PM (1)

​​​पंडित नौटियाल ने बताया की इस समय के बाद सेमौसम में बुहत बदलाव दिखाई देता है l कार्तिक सक्रांति के बाद सेमौसम में ठंडक बढने लगती है l सूर्य की रोशनी पृथ्वी पर आना में भीधीमी होती है l सूर्य के तेज़ में बुहत अधिक कमी आने लगती है l जिनलोगो का जन्म तुला राशि में हुआ है, उन लोगो का लिए ये सक्रांति ख़ासहोती है l व्यक्ति को चाहिए की इस दिन पूजा उपासना करे मुख्य रूप सेइस दिन सूर्य उपासना करनी चाहिए l

                                                         ​​​    जसवीर सूद (डिंपल सूद )

Deepika Sharma

Related Articles

Back to top button
Close