असर विशेष: पत्थर की छत, बारिश में टपकता पानी, ये है रीना की कहानी
मजदूरी बेसहारा महिला की आवाज नहीं सुन रही है सरकार,पक्के घर के लिए काफी समय से किया है आवेदन
मजदूरी करके पाल रही अपने माता पिता का पेट,
छोटा भाई भी बेरोजगार
हिमाचल प्रदेश के चम्बा जिला की रहने वाली रीना के घर की हालत बहुत दयनीय है। हिमाचल सरकार और केंद्र सरकार गरीबों के लिए कई योजना चला रही है जिससे असहाय बेसहारा लोगों को लाभ हो सके लेकिन चम्बा में कई ऐसे बेसहारा लोग हैं जिन्हें कोई सहारा नहीं मिल रहा है।

खुले आसमान में रहने को मजबूर हैं । चम्बा जिला के क्षेत्र गवाड़ कि रहने वाली एक महिला लगातार अधिकारियों के कार्यालय का चक्कर लगा रही है लेकिन उसे अपना पक्का घर नहीं मिल पा रहा है,
रीना ने बताया कि वह दूसरे के घर मजदूरी करती है लेकिन घर का खर्च नहीं चल पाती है। वही महिला रीना का कहना है कि अगर ग्राम प्रधान ध्यान देते तो मैं मिट्टी के बने घर में इतने साल से न रहती।
पैसे की तंगी की वजह से वह अपने माता पिता की परेशानी दूर नहीं कर पा रही है।जिस वजह से वह काफी परेशान हैं महिला को इंतजार है किसी ऐसे व्यक्ति की जो इस सरकार के मदद से पक्का घर दिला सके। जिसके लिए आवेदन किया है।और
इसकी रोजी-रोटी की व्यवस्था कर सकें क्योंकि उसके माता ॒_पिता की परेशानी दूर हो सके। अब देखने वाली बात यह होगी कुछ अधिकारी और समाजसेवी के द्वारा इस गरीब महिला के लिए क्या किया जाता है? जिससे कि इस महिला की थोड़ी परेशानी कम हो सके।
उसके घर में उसका छोटा भाई और उसके बुजुर्ग माता-पिता साथ रहते हैं।
असर विशेष से
गरिमा शर्मा की रिपोर्ट


