शिक्षा

हैरानी: शिक्षा विभाग में 628 मुख्याध्यापक बिना किसी वरिष्ठता सूची के कार्य कर रहे

मुख्याध्यापक ऑफिसर कैडर अधिकारी वर्ग जिला मंडी के प्रधान ने ज्वलंत मुद्दों के संदर्भ में शिक्षा निदेशक उच्चतर को सौंपा ज्ञापन

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मुख्याध्यापक ऑफिसर कैडर अधिकारी वर्ग के जिला मंडी प्रधान व हिमाचल राजकीय अध्यापक संघ के राज्य प्रधान नरेश महाजन ने संघ के ज्वलंत मुद्दों को लेकर आज शिक्षा निदेशक उच्चतर डॉ अमरजीत शर्मा को एक ज्ञापन सौंपा जिसमें अहम मुद्दा मुख्याध्यापकों की वरिष्ठता सूची जारी करना था जिला प्रधान मंडी के अनुसार इस समय प्रदेश में लगभग 850 मुख्याध्यापक कार्यरत हैं दिसंबर 2020 के बाद मुख्याध्यापकों की चार पदोन्नति सूचियां दिसंबर 2021, सितंबर 2022, अक्टूबर 2022 व जुलाई 2023 में विभाग जारी कर चुका है। लेकिन शिक्षा विभाग में यह 628 मुख्याध्यापक बिना किसी वरिष्ठता सूची के कार्य कर रहे हैं जबकि दिसंबर 2021 में पदोन्नत हुए मुख्याध्यापक अपना दो वर्ष का कार्यकाल लगभग पूरा करने वाले हैं उसके साथ ही इनकी प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति के लिए योग्यता 3 दिसंबर 2023 को पूरी हो जाएगी लेकिन।

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हैरानी की बात यह है कि अभी तक विभाग इनकी वरिष्ठता सूची ही जारी नहीं कर पाया। जिला प्रधान ने शिक्षा निदेशक उच्चतर से मांग की इन मुख्याध्यापकों की वरिष्ठता सूची को जल्द से जल्द जारी किया जाए तांकि इन मुख्याध्यापकों की प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति में कोई देरी ना हो पाए। वर्तमान में प्रदेश में मुख्याध्यापक से प्रधानाचार्य पदोन्नति के कोटे के लगभग 140 पद रिक्त चल रहे हैं अतः जिला प्रधान ने मांग की की इन मुख्याध्यापकों को प्रधानाचार्य पद पर लगी 2 वर्ष की सेवाकाल शर्त में एकमुश्त छूट देते हुए इनकी पदोन्नति सूची शीघ्र अति शीघ्र ज़ारी की जाए।

जिला प्रधान ने यह भी बताया कि पहले भी सरकार इस प्रकार की छूट वर्ष 2004 में व वर्ष 2008 में मुख्याध्यापकों को प्रदान कर चुकी है। जो दूसरी मुख्य मांग जिला प्रधान ने शिक्षा निदेशक के ध्यानार्थ लाई उसमें न्यायालय का फैसला आने के बावजूद भी पदोन्नत प्रवक्ता के पे प्रोटेक्शन मामलों में विभाग विलंब कर रहा है इस देरी के कारण बहुत से लाभार्थी तो शिक्षा विभाग से सेवानिवृत्त भी हो चुके हैं इस देरी के कारण इन सेवानिवृत्त लाभार्थियों को अन्य वित्तीय नुकसान भी हो रहा है इसलिए संघ यह मांग करता है कि पे प्रोटेक्शन के इस माननीय न्यायालय के निर्णय को सभी पदोन्नत प्रवक्ताओं पर लागू किया जाए और जल्द से जल्द सभी देय लाभ लाभार्थियों को प्रदान किए जाएं।

 

Deepika Sharma

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