विशेषशिक्षा

EXCLUSIVE: मिड डे मील के अस्सी करोड़ के बजट पर भारत सरकार की क्वायरी

पीएफएमएस रिपोर्ट को लेकर मांगी विस्तृत रिपोर्ट, फाइनेंस ने उठाए सवाल

No Slide Found In Slider.

 

भाग: एक

WhatsApp Image 2026-05-07 at 3.50.10 PM
WhatsApp Image 2026-05-07 at 3.50.21 PM
WhatsApp Image 2026-05-14 at 5.38.45 PM

 

हिमाचल में बंटने वाले मिड डे मील के करोड़ों के बजट पर भारत सरकार ने सवाल उठाए हैं। पीएफएमएस यानी कि पब्लिक फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम को लेकर विस्तृत रिपोर्ट वित्त मंत्रालय के तहत मांगी गई थी। जानकारी मिली है कि अभी मौखिक तौर पर यह क्वाइरी भारत सरकार के अंतर्गत हिमांचल को बताई गई है। लेकिन सूचना है कि जल्दी लिखित तौर पर क्वेरी के बारे में हिमाचल की प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय से रिपोर्ट मांगी जाने वाली है।

गौर हो कि भारत सरकार के तहत  मिड डे मील के तहत मिला बजट आवंटन को लेकर एक खास तरह का प्रोग्राम शुरू किया गया है , जिसका नाम पी एफ एम एस सिस्टम है यानी कि इस सिस्टम के तहत ही भारत सरकार मिड डे मील बजट आवंटन की रिपोर्ट को मांगता है। जिसे लेकर यह सवाल उठाए गए हैं

WhatsApp Image 2026-05-18 at 5.53.59 PM
WhatsApp Image 2026-05-18 at 5.53.59 PM (1)

बॉक्स

अस्सी करोड़ का है बजट

वर्ष 2023 के तहत लगभग 80 करोड का बजट भारत सरकार के तहत हिमाचल को प्रस्तावित है। जिस पर पीएफएमएस के तहत रिपोर्ट हिमाचल से भारत सरकार ने मांगी है। पीएफएमएस एक ऐसा सिस्टम है जो मिड डे मील योजना के बजट आवंटन की पारदर्शिता को लेकर एक बेहतर तरीके से सिस्टम तैयार किया गया है। उल्लेखनीय है कि लगभग  पांच लाख छात्र मिड डे मील योजना के तहत भोजन का लाभ स्कूलों में उठाते हैं

 

बॉक्स 

अब नर्सरी को भी दिया जाना है मिड डे मील

गौर हो कि अभी हिमाचल में नर्सरी कक्षा को भी मिड डे मील योजना के साथ जोड़ा जाने वाला है। जिसके तहत बच्चों को एक बेहतर बजट के तहत भोजन का आवंटन किया जाना तय किया जाना है।

Deepika Sharma

Related Articles

Back to top button
Close