सेवा विस्तार विवाद : राजनीतिक दबाव में सेवा विस्तार?
800 पदोन्नत प्रधानाचार्य प्रतीक्षा में, फिर भी सेवा विस्तार पर उठे सवाल

सोलन के बाद अब सिरमौर में सेवा विस्तार का मामला उजागर हुआ है । इसे लेकर मामला गरमा गया है । प्रवक्ता संघ से भी इसे लेकर सवाल खड़े किए हैं । जिस प्रधानाचार्य को सेवा विस्तार दिया गया वह न तो राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित हैं न ही राष्ट्रीय पुरस्कार से।आश्चर्य की बात यह हे कि इस विद्यालय में पहले ही प्रधानाचार्य एवं अध्यापकों के मध्य विवाद रहा हैं जिसकी शिकाते उच्च अधिकारियों तक पहुंची हैं । आरोप यह भी है कि उक्त प्रधानाचार्य द्वारा अपने राजनीतिक एवं आधिकारिक पहुंच का दबाव डाल कर अपने अधीनस्थ कर्मचारियों को धमकाया जा रहा हैं कि इसी प्रकार से छ छ महीने का सेवाविस्तार लेकर इस सरकार में निरंतर दो से तीन वर्ष तक सेवा विस्तार उसके द्वारा लिया जाता रहेगा
विद्यालय प्रवक्ता संघ राज्य चेयरमैन सुरेन्द्र पुंडीर तथा जिला सिरमौर अध्यक्ष डॉक्टर आई डी राही ने कहा कि जब विभाग के पास लगभग 800 पदोन्नत प्रधानाचार्य जनवरी से अपनी नियुक्ति का इंतजार कर रहे हैं इस हालात में इस प्रकार का सेवा विस्तार कनिष्ठ वर्ग के प्रवक्ताओं एवं मुख्याध्यापकों के पदोन्नति के अवसर को समाप्त कर देगा।


