शाबाश : हिमाचल का डंका—देश के मेडिकल कॉलेज योगदान में ‘पहला स्थान’

हिमाचल प्रदेश के NTEP को ज़बरदस्त सफलता — मेडिकल कॉलेजों के योगदान में देशभर में पहला स्थान, सातवीं बार रचा इतिहास
शिमला।
हिमाचल प्रदेश के लिए यह गर्व भरा क्षण है! राज्य के STF, NTEP (नेशनल ट्यूबरकुलोसिस उन्मूलन कार्यक्रम) ने एक बार फिर कमाल करते हुए मेडिकल कॉलेजों के योगदान के लिए देशभर में पहला स्थान हासिल किया है।

सबसे खास बात—यह उपलब्धि लगातार सातवीं बार राज्य के नाम हुई है, जो TB उन्मूलन के प्रति हिमाचल की मजबूत प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
यह सम्मान लखनऊ में आयोजित ज़ोनल टास्क फोर्स मीटिंग में प्रदान किया गया, जिसे केंद्रीय क्षयरोग प्रभाग (Central TB Division), स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार ने दिया।
कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय टीम ने हिमाचल की सफलता को एक उत्कृष्ट मिसाल बताते हुए कहा कि प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों, स्वास्थ्य संस्थानों और फील्ड टीमों की समन्वित मेहनत ने इसे संभव बनाया है।
राज्य टीम ने इस उपलब्धि पर खुशी जताते हुए कहा—
“यह विजय हमारे प्रत्येक योगदानकर्ता की मेहनत और समर्पण का नतीजा है।”
हिमाचल प्रदेश का यह प्रदर्शन न केवल राज्य बल्कि पूरे देश के लिए प्रेरणा है कि संगठित प्रयासों से TB-मुक्त भारत का लक्ष्य जल्द हासिल किया जा सकता है।


