राज्य स्तरीय प्रार्थी जयन्ती समारोह

हिमाचल कला संस्कृति तथा भाषा अकादमी द्वारा भाषा एवं संस्कृति विभाग बिलासपुर के सभागार में आयोजित किये गए राज्य स्तरीय *चाँद कुल्लुवी* लालचंद प्रार्थी जयन्ती समारोह मे पत्रवाचन,परिचर्चा, नाटक मंचन तथा कवि गोष्ठी का आयोजन किया गया । प्रथम सत्र में अकादमी के पूर्व सचिव सुदर्शन वशिष्ठ ने *लालचंद प्रार्थी का हिमाचल अकादमी को योगदान* विषय पर विस्तृत पत्र पढ़ा जिस पर परिचर्चा में भाग लेते हुए रमेशचंद्र मस्ताना, जाहिद अबरोल,शंकर वाशिष्ठ,डॉ.सूरत ठाकुर, कमल प्यासा, कृष्ण चंद्र महादेविया, गंगाराम राजी, हीरालाल ठाकुर तथा कुलदीप चंदेल ने अपनी बात कहते हुए विषय को आगे बढ़ाते हुए रोचकता प्रदान की और सत्र का मंच संचालन रमेश मस्ताना ने किया।
अकादमी के वर्तमान सचिव डॉ.पंकज ललित ने सभी विद्वानों के विचारों को अधिमान देते हुए प्रार्थी जी के बहुआयामी व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला । प्रथम सत्र की अध्यक्षता कर रहे डॉ.प्रेमलाल गौतम का वक्तव्य उनकी प्रतिभा के अनुरूप बेहद रुचिकर रहा । इस आयोजन की सफलता में जिला भाषाधिकारी रेवती सैनी व अकादमी में कार्यरत श्यामा ठाकुर के प्रयास निःसंदेह श्लाघनीय हैं । जिला लोक संपर्क अधिकारी श्री संजय सूद द्वारा मुंशी प्रेम चंद की कहानी पर आधारित एक नाटक “बड़े भाई साहिब” का मंचन किया गया जिसमें उनका अभिनय बहुत ही सराहनीय रहा।
दूसरे सत्र में काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें हिमाचल प्रदेश के लगभग सत्तर साहित्यकारों ने भाग लिया। काव्य गोष्ठी का कुशल मंच संचालन रविन्द्र कुमार शर्मा ने किया। काव्य गोष्ठी मे चम्बा से वरिष्ठ साहित्यकार चंचल सरोलवी,अशोक दर्द,सिरमौर से वरिष्ठ साहित्यकार ओम प्रकाश राही,दिलीप वसिष्ठ,मंडी से हरिप्रिया,निर्मला चंदेल,किन्नौर से जयपाल नेगी, बिलासपुर से वरिष्ठ साहित्यकार रत्न चंद निर्झर,सुरेन्द्र मिन्हास,शिमला से उमा ठाकुर नधैक आदि ने भाग लिया।




